श्रीकुंड गुमानी +2 उच्च विद्यालय में किशोरियों को किया गया जागरूक, सशक्तिकरण पर दिया गया विशेष जोर
श्रीकुंड गुमानी +2 उच्च विद्यालय में किशोरियों को किया गया जागरूक
श्रीकुंड गुमानी +2 उच्च विद्यालय में किशोरियों को किया गया जागरूक, सशक्तिकरण पर दिया गया विशेष जोर
रिपोर्टर – उज्जवल कुमार साहा
साहिबगंज। जिले की किशोरियों को शिक्षित, जागरूक और आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में जिला समाज कल्याण विभाग द्वारा लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। इसी कड़ी में जिला समाज कल्याण पदाधिकारी (DSWO), साहिबगंज के मार्गदर्शन में श्रीकुंड गुमानी +2 उच्च विद्यालय, बरहरवा में किशोरियों के सर्वांगीण सशक्तिकरण विषय पर विशेष जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया।

कार्यक्रम में छात्राओं को सावित्री बाई फुले किशोरी समृद्धि योजना (SBPKSY) सहित विभिन्न सरकारी योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी गई। इसके साथ ही डायन प्रथा उन्मूलन, डिजिटल साक्षरता, बाल संरक्षण, पॉक्सो अधिनियम, गुड टच-बैड टच, मासिक धर्म स्वच्छता प्रबंधन, बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ, बाल विवाह मुक्त भारत अभियान तथा सखी वन स्टॉप सेंटर की सेवाओं के बारे में विस्तार से अवगत कराया गया।

अधिकारियों ने छात्राओं को बताया कि शिक्षा, स्वास्थ्य और आत्मविश्वास ही उनके उज्ज्वल भविष्य की सबसे बड़ी पूंजी हैं। उन्होंने बाल विवाह, लैंगिक हिंसा और सामाजिक कुरीतियों के खिलाफ जागरूक रहने तथा किसी भी प्रकार की समस्या होने पर संबंधित सरकारी संस्थाओं और हेल्पलाइन से सहायता लेने की अपील की।
कार्यक्रम के दौरान प्रायोजन योजना, फोस्टर केयर, आफ्टर केयर सहित अन्य कल्याणकारी योजनाओं की भी जानकारी साझा की गई। छात्राओं को इन योजनाओं का लाभ उठाकर अपने भविष्य को बेहतर बनाने के लिए प्रेरित किया गया।
इस अवसर पर ‘एक पेड़ बेटी के नाम’ अभियान के तहत विद्यालय परिसर में पौधारोपण किया गया। वहीं किशोरियों के बीच सेनेटरी पैड का वितरण कर मासिक धर्म स्वच्छता के प्रति जागरूक किया गया और स्वच्छता अपनाने का संदेश दिया गया।
कार्यक्रम में जिला बाल संरक्षण पदाधिकारी (DCPO) पूनम कुमारी, संरक्षण पदाधिकारी (गैर संस्थागत देखरेख) सुश्री चंदा कुमारी, चाइल्ड हेल्पलाइन के परियोजना समन्वयक मो. इकबाल, विद्यालय के प्रभारी प्राचार्य, शिक्षक-शिक्षिकाएं तथा अन्य पदाधिकारी एवं कर्मी उपस्थित रहे।
अंत में अधिकारियों ने छात्राओं से शिक्षा को अपनी सबसे बड़ी ताकत बनाने, आत्मनिर्भर बनने, सरकारी योजनाओं का लाभ उठाने और समाज में सकारात्मक बदलाव की भागीदार बनने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि सशक्त और जागरूक बेटियां ही एक सुरक्षित, समृद्ध और विकसित समाज की मजबूत नींव होती हैं।


